खैरागढ़-छुईखदान-गंडई। समग्र ब्राह्मण परिषद् छत्तीसगढ़ की खैरागढ़-छुईखदान-गंडई मातृशक्ति इकाई के तत्वावधान में भगवान परशुराम का जन्मोत्सव श्रद्धा, उत्साह एवं धार्मिक वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर क्षेत्र की महिलाओं, युवतियों और वरिष्ठजनों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लेकर भगवान परशुराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया।
जिलाध्यक्ष श्रीमती डाली तिवारी एवं जिला सचिव श्रीमती स्वाति शर्मा ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान परशुराम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन व पुष्प अर्पण से हुआ। सदस्यों ने विधिवत पूजन-अर्चन कर उनके जीवन, पराक्रम और धर्म रक्षा के कार्यों को स्मरण किया। भजन-कीर्तन से वातावरण भक्तिमय हो गया।
जिला संयोजिका श्रीमती अंजू पांडेय ने कहा कि भगवान परशुराम केवल योद्धा नहीं, बल्कि धर्म, न्याय और सत्य के प्रतीक हैं। उन्होंने नैतिक मूल्यों की स्थापना के लिए जीवन समर्पित किया। उनके आदर्श आज भी प्रासंगिक हैं तथा नई पीढ़ी को उनसे प्रेरणा लेनी चाहिए। मातृशक्ति समाज निर्माण में अहम भूमिका निभाती है और ऐसे आयोजन सामाजिक एकता को बल देते हैं।
कार्यक्रम में श्लोक वाचन, नृत्य एवं धार्मिक प्रश्नोत्तरी सहित सांस्कृतिक गतिविधियाँ हुईं, जिनमें प्रतिभागियों को पुरस्कृत कर उत्साहवर्धन किया गया। सभी ने सद्भाव, सहयोग और सेवा की भावना बढ़ाने का संकल्प लिया।
परिषद् ने सामाजिक समरसता के उद्देश्य से जरूरतमंदों के बीच फल एवं प्रसाद वितरण भी किया। कार्यक्रम की सफलता पर सभी का आभार व्यक्त किया गया। क्षेत्रवासियों ने भविष्य में भी ऐसे आयोजन जारी रखने की अपेक्षा जताई।
इस अवसर पर जिला उपाध्यक्ष श्रीमती रुपा उपाध्याय, जिला संगठन विस्तार प्रमुख श्रीमती शैल शर्मा, श्रीमती अर्चना दुबे, सुषमा दुबे, श्यामा तिवारी, श्रद्धा तिवारी, रोहणी शर्मा, मीना तिवारी, अंजू तिवारी, गायत्री तिवारी, विमला शर्मा, सरिता शर्मा, खुशबू शर्मा, योगिता शर्मा, सरस्वती तिवारी, सती तिवारी, निर्मला तिवारी, रेखा तिवारी, ममता तिवारी, ज्योति तिवारी, आशा, राखी तिवारी, लीला तिवारी, आरती तिवारी, एकता तिवारी, रिंकी शर्मा, किरण तिवारी, सविता तिवारी, ऋतु तिवारी, भूमिका तिवारी, गुनगुन तिवारी, आशा तिवारी, पं. मिहिर झा, पं. गुड्डू शर्मा, पं. सतीश पांडेय, पं. अमन तिवारी, पं. महेश्वर तिवारी, पं. बाबूलाल तिवारी, पं. मोहन तिवारी, पं. अजय तिवारी, पं. निखिल तिवारी, पं. छोटू तिवारी, पं. संतोष तिवारी, पं. घनश्याम तिवारी, पं. प्रेमशंकर तिवारी, पं. सुदर्शन तिवारी, पं. मुकेश तिवारी, पं. गुलशन तिवारी, पं. हर्ष तिवारी, पं. उत्कर्ष तिवारी, पं. विकास तिवारी, पं. नरेन्द्र तिवारी, पाठक जी, पं. अंश तिवारी, पं. राम तिवारी, पं. पिंटू तिवारी सहित बड़ी संख्या में सामाजिकजन उपस्थित रहे।