बलौदाबाजार। साइबर ठगी के करोड़ों रुपए देशभर में खपाने वाले म्यूल अकाउंट नेटवर्क पर सिटी कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी कमीशन के लालच में अपने बैंक खाते साइबर ठगों को चलाने के लिए देते थे। पुलिस जांच में एक खाते में 1 करोड़ से ज्यादा और दूसरे खाते में 34 लाख रुपए से अधिक का संदिग्ध ट्रांजैक्शन मिला है।
पुलिस को भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) के समन्वय पोर्टल से शिकायत मिली थी कि विभिन्न बैंकों में संचालित कुछ खातों के जरिए साइबर फ्रॉड की रकम ट्रांसफर की जा रही है। एसपी ओ.पी. शर्मा के निर्देशन में सिटी कोतवाली और साइबर सेल ने जांच शुरू की।
जांच में सामने आया कि जांजगीर-चांपा जिले के ग्राम कुरवारी निवासी 28 वर्षीय जयप्रकाश श्रीवास के डीसीबी बैंक खाते में 1 फरवरी 2024 से 31 जनवरी 2025 के बीच 1 करोड़ 2 हजार 999 रुपए का संदिग्ध लेनदेन हुआ। खाते में रकम आते ही उसे अलग-अलग खातों में छोटे हिस्सों में ट्रांसफर कर दिया जाता था।
वहीं कसडोल थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर-1 निवासी 38 वर्षीय शशि कुमार धृतलहरे के एचडीएफसी बैंक खाते में 1 नवंबर 2013 से 15 अप्रैल 2026 तक 34 लाख 59 हजार 332 रुपए का संदिग्ध ट्रांजैक्शन मिला।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि ज्यादा कमीशन कमाने के लालच में उन्होंने अपने बैंक खाते, पासबुक, एटीएम कार्ड और केवाईसी दस्तावेज साइबर ठगों को उपलब्ध कराए थे। इन खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी की रकम को इधर-उधर ट्रांसफर करने में किया जा रहा था।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना सिटी कोतवाली में अपराध क्रमांक 381/2025 और 383/2025 के तहत धारा 318(4), 319(2) बीएनएस एवं 66 सीडी आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। दोनों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की तैयारी की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और साइबर ठगी के इस नेटवर्क से जुड़े कई और लोगों के नाम सामने आ सकते हैं।