शिक्षक दिवस पर पुलिस महकमे की सराहनीय पहल, डीएसपी गरिमा दादर ने शाल-श्रीफल भेंट कर किया सम्मान,
छुरा/गरियाबंद :- शिक्षक दिवस के अवसर पर पुलिस विभाग द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले शिक्षकों का सम्मान कर सराहनीय पहल की गई। छुरा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान डीएसपी गरिमा दादर ने लोकगीत गायक एवं सेवानिवृत्त व्याख्याता के.आर. सिन्हा, सेवानिवृत्त शिक्षक उखराज ध्रुवा तथा शिक्षक एवं योगविद् अर्जुन धनंजय सिन्हा को शाल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया।
इस अवसर पर डीएसपी गरिमा दादर ने शिक्षकों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षक समाज के निर्माण में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षक दिवस के पावन अवसर पर शिक्षकों को सम्मानित करते हुए उन्हें गर्व महसूस हो रहा है, क्योंकि वह स्वयं भी एक शिक्षक की बेटी हैं।
डीएसपी दादर ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि बचपन में उन्होंने अपने माता-पिता को देर रात तक कॉपी-किताबें जांचते, अगले दिन के पाठ की तैयारी करते और बच्चों के भविष्य को संवारने के लिए मेहनत करते हुए देखा है। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक का जीवन नि:स्वार्थ सेवा और समर्पण का उदाहरण है।
उन्होंने कहा कि पुलिस की वर्दी पहनने के बाद अनुशासन, सेवा और निष्ठा के जो संस्कार उनके भीतर हैं, उनकी नींव भी उनके घर में एक शिक्षक ने ही रखी थी।
साइबर अपराध रोकने में जागरूकता जरूरी,
डीएसपी गरिमा दादर ने वर्तमान डिजिटल दौर में शिक्षकों की भूमिका को और भी महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि आज अपराध का दायरा डिजिटल दुनिया तक पहुंच चुका है। ऐसे समय में समाज को कानून के साथ-साथ जागरूकता की भी आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि पुलिस किसी अपराध के बाद कार्रवाई कर व्यवस्था संभालती है, लेकिन एक शिक्षक बच्चों को सही और गलत का अंतर समझाकर अपराध को होने से पहले ही रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। शिक्षक केवल किताबों का ज्ञान नहीं देते, बल्कि बच्चों को डिजिटल युग के जोखिमों से बचाकर उन्हें जिम्मेदार और जागरूक नागरिक बनाने का कार्य भी करते हैं।
उन्होंने कहा कि जिस तरह पुलिस अधिकारी समाज की भौतिक सुरक्षा करता है, उसी तरह शिक्षक समाज के विचारों, संस्कारों और चरित्र की सुरक्षा करता है।
के.आर. सिन्हा से की शिक्षकीय जीवन पर चर्चा,
सम्मान समारोह के दौरान डीएसपी गरिमा दादर ने सेवानिवृत्त व्याख्याता एवं लोकगीत गायक के.आर. सिन्हा से उनके लंबे शिक्षकीय जीवन और अनुभवों को लेकर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने सिन्हा के शिक्षा एवं सामाजिक क्षेत्र में योगदान की जमकर प्रशंसा करते हुए उन्हें समाज का गौरव बताया।
डीएसपी ने कहा कि शिक्षक का कार्य केवल कुछ घंटों की नौकरी तक सीमित नहीं होता, बल्कि यह 24 घंटे का संकल्प है। शिक्षक आने वाली पीढ़ियों को दिशा देने और समाज को बेहतर बनाने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम के दौरान छुरा थाना के पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।