
कसडोल। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर 8 मार्च 2026 को ग्राम पंचायत टेमरी में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत सुश्री श्वेता मिश्रा (प्रथम न्यायिक मजिस्ट्रेट, कसडोल) द्वारा मां सरस्वती की पूजा-अर्चना कर की गई।
इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित ग्रामवासियों को महिलाओं के अधिकारों से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण कानूनों की जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से छत्तीसगढ़ टोनही प्रताड़ना निवारण अधिनियम 2005, दहेज निषेध अधिनियम 1961, कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम 2013, मातृत्व लाभ अधिनियम 1961 तथा घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम 2005 के संबंध में विस्तार से जानकारी साझा की।
इसके पश्चात पीएलवी हिमांशु साहू ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका एवं कार्यों की जानकारी देते हुए नालसा द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं जैसे आशा अभियान, संवाद कार्यक्रम, ड्रग डॉन अभियान, पॉक्सो एक्ट, बाल विवाह रोकथाम तथा महिलाओं के गोपनीयता के अधिकार के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
शिविर में ग्राम टेमरी की सरपंच लक्ष्मी बाई पैकरा, ग्राम पंचायत बगार की सरपंच उषा बाई ध्रुव, उपसरपंच लक्ष्मी नाथ केंवट, ग्राम सचिव, ग्राम महिला कमांडो सहित आसपास के पाँच गाँवों के महिला समूहों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम में लगभग 120 महिला-पुरुष, ग्राम पंचायत प्रतिनिधि एवं ग्रामीण लाभान्वित हुए।
कार्यक्रम के दौरान महिला समूहों द्वारा गाँव में हो रहे अवैध शराब की बिक्री को बंद कराने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई।
इस अवसर पर ग्राम प्रमुख एवं शाला प्रबंधन समिति अध्यक्ष सोनसिंह पैकरा, सरपंच प्रतिनिधि सुनील पैकरा, टेमरी सरपंच प्रतिनिधि नारायण ध्रुव, भरका ग्राम कोतवाल कार्तिक दास मानिकपुरी, महिला अध्यक्ष भारती बांधे, बुधाना मनहरे, संतोषी निराला, प्रेम पैकरा, विष्णु कैवर्त, संतराम यादव, टिकेश्वर यादव, योगेश साहू, वन समिति अध्यक्ष हिरा राम पैकरा, ग्राम पंच सुन्दर यादव, कमलेश पैकरा, श्रवण विश्वकर्मा, प्रमिला रजक सहित नवापारा, बगार, भरका, नारायणपुर, सड़कपारा, मौहाभाठा और सतनामी मुहल्ले के महिला समूहों की सराहनीय उपस्थिति रही।