
बलौदाबाजार। जिले के रवान मल्दी माइंस क्षेत्र में एक बार फिर स्थानीय ग्रामीणों का असंतोष खुलकर सामने आया है। ग्राम करमनडीह के ग्रामीणों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अडानी-अंबुजा सीमेंट की रवान मल्दी माइंस के बाहर अनिश्चितकालीन शांतिपूर्ण आंदोलन शुरू कर दिया है।
आंदोलन के साथ ही ग्रामीणों ने तहसीलदार के माध्यम से जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के निराकरण की मांग की है।ग्रामीणों का कहना है कि माइंस में लगातार हो रही ब्लास्टिंग और खनन गतिविधियों का सीधा असर गांव के जनजीवन पर पड़ रहा है। उनका आरोप है कि अत्यधिक खुदाई के कारण भूजल स्तर प्रभावित हुआ है, जिससे गांव में पेयजल संकट गहरा गया है। साथ ही ब्लास्टिंग से कई मकानों की दीवारों में दरारें आने की शिकायत भी ग्रामीणों ने की है।ज्ञापन में ग्रामीणों ने प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा देने, गांव में स्थायी पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने, माइंस मार्ग पर बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा के लिए स्पीड ब्रेकर बनाने, ब्लास्टिंग के दौरान उड़ने वाली धूल पर नियंत्रण के लिए नियमित पानी का छिड़काव और सफाई कराने तथा स्थानीय युवाओं को कंपनी में प्राथमिकता के आधार पर रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की है। आंदोलन में शामिल ग्रामीणों का कहना है कि इन मुद्दों को पहले भी प्रशासन और कंपनी प्रबंधन के समक्ष उठाया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई। यही कारण है कि इस बार उन्होंने अनिश्चितकालीन आंदोलन का रास्ता चुना है।फिलहाल प्रशासन की ओर से ज्ञापन प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक कंपनी प्रबंधन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। अब यह देखना होगा कि प्रशासन और कंपनी ग्रामीणों की मांगों पर कितना जल्द और क्या निर्णय लेते हैं।

