बिलासपुर, 24 फरवरी 2026। कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में आयोजित टीएल बैठक में आगामी गर्मी को ध्यान में रखते हुए पेयजल व्यवस्था, प्रस्तावित जनगणना की तैयारियों, जल संरक्षण कार्यों, न्यायालयीन प्रकरणों एवं शिकायत निवारण की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी विभागों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
पेयजल संकट वाले ग्रामों की अग्रिम पहचान के निर्देश
कलेक्टर ने निर्देशित किया कि संभावित पेयजल संकट वाले गांवों की अभी से पहचान की जाए। गत वर्ष जिन क्षेत्रों में जल समस्या रही, उन्हें विशेष निगरानी में रखा जाए। आवश्यकता पड़ने पर टैंकरों के माध्यम से जल आपूर्ति की व्यवस्था की जाए, लेकिन सीधे वितरण के बजाय सार्वजनिक स्थलों पर सिम्प्लेक्स टैंक स्थापित कर नियमित रूप से भराव कराया जाए। ग्रामीण क्षेत्रों में 15वें वित्त आयोग की राशि का उपयोग पेयजल सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण में करने को कहा गया।
जनगणना की तैयारी: शुद्धता और गोपनीयता पर बल
बैठक में आगामी मई माह में प्रस्तावित जनगणना कार्य की तैयारियों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने कहा कि जनगणना का कार्य त्रुटिरहित एवं गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए, क्योंकि यह नीति निर्माण का आधार है। उन्होंने नागरिकों से सही जानकारी देने की अपील करते हुए स्पष्ट किया कि व्यक्तिगत जानकारी सार्वजनिक नहीं की जाती। प्राथमिक एवं मिडिल स्कूल शिक्षकों को प्रगणक एवं सुपरवाइजर की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। यह कार्य निर्वाचन की तरह अनिवार्य है।
जल संरक्षण व शौचालय निर्माण पर फोकस
जी-रामजी योजना अंतर्गत जल संरक्षण कार्यों को प्राथमिकता से स्वीकृत करने के निर्देश दिए गए, ताकि ग्रीष्मकाल में कार्य प्रारंभ हो सके। सड़क निर्माण में तालाबों की मिट्टी का उपयोग कर तालाबों की जल ग्रहण क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया गया। विद्यालयों में निर्माणाधीन शौचालयों को 8 मार्च (अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस) से पूर्व पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए।
भंडार क्रय नियमों का सख्ती से पालन
शासकीय खरीदी में भंडार क्रय नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने तथा प्रतिबंधित वस्तुओं की खरीदी न करने पर बल दिया गया। विधानसभा सत्र को ध्यान में रखते हुए प्रश्नों के उत्तर तथ्यपरक एवं समयबद्ध प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। हाईकोर्ट में लंबित प्रकरणों एवं जनहित याचिकाओं का जवाब समयसीमा में प्रस्तुत करने तथा न्यायालयीन आदेशों का पालन सुनिश्चित करने को कहा गया।
प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने के लिए सभी अधिकारी-कर्मचारियों को आईगॉट प्रशिक्षण पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री जनदर्शन, पीएम पोर्टल एवं अन्य माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के शीघ्र एवं पारदर्शी निराकरण पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में नगर निगम आयुक्त प्रकाश कुमार सर्वे, जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।