
कसडोल। पूर्व जनपद सदस्य एवं ठेठवार यादव समाज लवनराज के उपाध्यक्ष जितेंद्र यदु की पूजनीय माताजी के निधन के उपरांत आयोजित दशगात्र संस्कार श्रद्धा, आस्था एवं धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों तथा बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने उपस्थित होकर दिवंगत आत्मा को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं।
कार्यक्रम में कसडोल विधायक संदीप साहू विशेष रूप से शामिल हुए। उन्होंने दिवंगत आत्मा के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी तथा पूर्व जनपद सदस्य जितेंद्र यदु एवं उनके परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। विधायक ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की चिरशांति तथा शोकाकुल परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि माता का स्नेह, त्याग और संस्कार किसी भी परिवार की सबसे बड़ी धरोहर होते हैं तथा उनका वियोग जीवन की ऐसी पीड़ा है, जिसकी भरपाई संभव नहीं है।
दशगात्र संस्कार के अंतर्गत गंगा पूजन एवं अन्य धार्मिक अनुष्ठान पंडित श्री गेंदलाल चौबे के सान्निध्य में विधि-विधानपूर्वक संपन्न हुए। मंत्रोच्चार के बीच परिजनों एवं उपस्थित श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर दिवंगत आत्मा की सद्गति एवं मोक्ष की कामना की। धार्मिक अनुष्ठान पूरे श्रद्धाभाव एवं आध्यात्मिक वातावरण में संपन्न हुए।
श्रद्धांजलि सभा में कांग्रेस नेता गुलाब यदु, ग्राम सरपंच परमेश्वर मनहरे, उप सरपंच रामस्वरूप साहू, धनेश साहू कोसरंगी, भूपेंद्र साहू (लच्छनपुर), गोपाल साहू, महेंद्र यदु, मुन्ना यदु, राजू साहू, पत्रकार कमलेश रजक, तोषन चौबे, अमित ठाकुर, धनीराम यादव, कैलाश गुरुजी सहित ग्राम ठेलकी एवं आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, समाजसेवी, सामाजिक कार्यकर्ता, मित्रगण, सगा-संबंधी एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे। सभी ने दिवंगत आत्मा को पुष्पांजलि अर्पित करते हुए शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।
श्रद्धांजलि सभा सामाजिक समरसता, पारिवारिक मूल्यों और मानवीय संवेदनाओं का अनुपम उदाहरण बनकर सामने आई। विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों, मित्रों, सगा-संबंधियों एवं ग्रामीणों ने शोक संतप्त परिवार के दुःख में सहभागी बनते हुए यह संदेश दिया कि विपत्ति की घड़ी में पूरा समाज एक परिवार की तरह साथ खड़ा रहता है। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित सभी लोगों ने दिवंगत आत्मा की चिरशांति के लिए सामूहिक प्रार्थना की तथा ईश्वर से शोकाकुल परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति, धैर्य एवं संबल प्रदान करने की कामना की। पूरे आयोजन का वातावरण श्रद्धा, आत्मीयता और सामाजिक एकता की भावना से ओतप्रोत रहा।