बलौदाबाजार, 24 दिसंबर 2025/
छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता आयोग के आदेशानुसार तथा अध्यक्ष उपभोक्ता आयोग छमेश्वर लाल पटेल के मार्गदर्शन में जिला उपभोक्ता आयोग बलौदाबाजार द्वारा आर.के.जी. शाला परिसर में उपभोक्ता जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य आम उपभोक्ताओं को उनके अधिकारों, शिकायत प्रक्रिया और आयोग की कार्यप्रणाली से अवगत कराना रहा।
शिविर को संबोधित करते हुए आयोग के सदस्य हरजीत सिंह चावला ने बताया कि छत्तीसगढ़ प्रदेश ई-हियरिंग व्यवस्था लागू करने वाला देश का पहला राज्य बना है, जो उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी सुविधा है। उन्होंने कहा कि यदि आयोग के आदेश के बाद भी उपभोक्ता को धनराशि या वस्तु प्राप्त नहीं होती है, तो दोषी पक्ष को नियमानुसार 3 वर्ष तक की सजा या 25 हजार से 1 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
उन्होंने यह भी जानकारी दी कि यदि परिवादी या विरोधी पक्ष जिला आयोग के आदेश से संतुष्ट नहीं है, तो वह राज्य आयोग, राष्ट्रीय आयोग एवं सर्वोच्च न्यायालय तक अपील कर सकता है। साथ ही, दोनों पक्षों की सहमति से प्रकरणों का निराकरण मध्यस्थता या लोक अदालत के माध्यम से भी किया जा सकता है।
आयोग की सदस्य शारदा सोनी ने ई-जागृति पोर्टल के माध्यम से ई-फाइलिंग की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज करने के लिए वाद मूल्य के अनुसार पंजीयन शुल्क निर्धारित है—
5 लाख रुपये तक: शुल्क शून्य
5 से 10 लाख रुपये तक: 200 रुपये
10 से 20 लाख रुपये तक: 400 रुपये
20 से 50 लाख रुपये तक: 1000 रुपये
शिविर में जिला उपभोक्ता आयोग के कर्मचारी दिनेश शर्मा, अम्बिका गोटा, धीरज दुबे, आर.के.जी. स्कूल के संचालक, प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों ने शिविर को उपयोगी बताते हुए उपभोक्ता अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने की सराहना की।