देर रात तक देवी जसगीतों से भक्तिमय रहा माहौल, उत्कृष्ट अंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो देकर बढ़ाया उत्साह,
छुरा /गरियाबंद :- ग्राम टेंगनाबासा में दशहरा पर्व के अवसर पर बाल समाज के सदस्यों द्वारा रात्रिकालीन रावण दहन के पश्चात भव्य झांकी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बाल समाज के सदस्यों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। झांकी के दौरान ग्राम में उत्साह और भक्तिमय माहौल बना रहा। देर रात तक चले कार्यक्रम में ग्रामवासियों ने देवी जसगीतों का आनंद लिया।

मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान कर बढ़ाया हौसला,
दशहरा पर्व के इस आयोजन के दौरान रामेश्वरम ग्रुप की ओर से ग्राम के मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। विभिन्न कक्षाओं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर सफलता हासिल करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र एवं मोमेंटो प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
सम्मानित होने वाले विद्यार्थियों में कक्षा पांचवीं से हर्ष कुमार सिन्हा ने 90.80 प्रतिशत तथा लतिका सिन्हा ने 86.50 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। कक्षा आठवीं में दुष्यंत कुमार ने 89.62 प्रतिशत और मेघराज कमार ने 90.27 प्रतिशत अंक हासिल किए। वहीं कक्षा दसवीं में मंजूलता सिन्हा ने 77.16 प्रतिशत तथा वेदांत ध्रुव ने 76 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। इसी प्रकार कक्षा बारहवीं में उर्वशी सिन्हा ने 84 प्रतिशत और विकास ध्रुव ने 82.4 प्रतिशत अंक अर्जित कर सफलता हासिल की।
रामेश्वरम ग्रुप की इस पहल का उद्देश्य ग्राम के प्रतिभावान विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करना और अन्य छात्र-छात्राओं को भी पढ़ाई के प्रति प्रेरित करना है। सम्मान मिलने से विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ा और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
बाल समाज के सदस्यों का रहा विशेष सहयोग,
कार्यक्रम को सफल बनाने में बाल समाज के हुमन सिन्हा, तेजेश्वर ध्रुव, मोहेन्द्र सिन्हा, परमेश्वर सिन्हा, उमेश सिन्हा, कमलेश सिन्हा, चोवा सिन्हा, तिलेश सिन्हा, तानेश्वर सिन्हा, महेश यादव, तेजराम यादव, मोहन सिन्हा, दीपक सिन्हा, शिवा सिन्हा, केशव सिन्हा, छगन सिन्हा एवं यशपेन्द्र सिन्हा का विशेष सहयोग रहा।
ग्राम टेंगनाबासा में दशहरा पर्व के अवसर पर धार्मिक आयोजन के साथ मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान किए जाने से उत्सव का माहौल और भी खास रहा। इस पहल ने ग्रामीण स्तर पर शिक्षा के प्रति जागरूकता और विद्यार्थियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा देने का संदेश दिया।


