1 नवंबर को गायत्री मंदिर में सुबह 11 बजे बैठक, आयोजन की रूपरेखा के साथ स्मृति पुस्तिका के प्रकाशन पर होगी चर्चा,
छुरा /गरियाबंद:-स्कूल की घंटी, कक्षा में दोस्तों के साथ बैठना, शिक्षकों की डांट में छिपा स्नेह, परीक्षा के दिनों की हलचल और छुट्टी के समय साथियों के साथ बिताए गए पल… जिंदगी की भागदौड़ में भले ही वर्षों बीत गए हों, लेकिन स्कूली जीवन की ये यादें कभी पुरानी नहीं होतीं। वक्त के साथ कोई पत्रकार बना, कोई जनप्रतिनिधि, कोई अधिवक्ता तो किसी ने प्रशासनिक सेवा और दूसरे क्षेत्रों में अपनी पहचान बनाई। नौकरी, कारोबार और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच कई सहपाठियों से संपर्क टूट गया, तो कुछ मित्र ऐसे भी हैं जिनसे वर्षों से मुलाकात नहीं हुई। अब इन्हीं बिछड़े साथियों को फिर से एक मंच पर लाने की पहल छुरा में की जा रही है।
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय (शाउमावि) छुरा में वर्ष 1986 से 2010 तक अध्ययन करने वाले पूर्व विद्यार्थियों का भव्य मिलन समारोह दिसंबर 2026 में आयोजित करने की तैयारी है। इस आयोजन का उद्देश्य केवल पुराने मित्रों का मिलन नहीं, बल्कि विद्यालय से जुड़ी यादों, शिक्षकों के योगदान, विद्यार्थियों की उपलब्धियों और आपसी रिश्तों को फिर से जीवंत करना भी है। समारोह में पूर्व विद्यार्थियों के साथ शिक्षकों की उपस्थिति रहेगी। आयोजन के अवसर पर एक विशेष स्मृति पुस्तिका का प्रकाशन कर उसका विमोचन भी किया जाएगा।
बैठक मे तय होंगी कार्यक्रम की रुपरेखा,
कार्यक्रम की तैयारियों को गति देने के लिए आगामी रविवार, 1 नवंबर को गायत्री मंदिर प्रांगण छुरा में सुबह 11 बजे बैठक बुलाई गई है। दिसंबर में प्रस्तावित पूर्व विद्यार्थी मिलन समारोह को सफल बनाने के लिए आयोजित बैठक में विभिन्न बैच के स्थानीय पूर्व विद्यार्थी शामिल होंगे। बैठक में कार्यक्रम की संभावित तिथि, आयोजन स्थल, अतिथियों एवं शिक्षकों को आमंत्रित करने, विद्यार्थियों की सूची तैयार करने, स्मृति पुस्तिका के प्रकाशन और आर्थिक सहयोग जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
आयोजकों की मंशा है कि अलग-अलग वर्षों में विद्यालय में पढ़ चुके अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इस आयोजन से जोड़ा जाए। इसके लिए प्रत्येक बैच के सदस्यों से अपने सहपाठियों से संपर्क करने और उन्हें कार्यक्रम की जानकारी देने की अपील की गई है। बैठक में वरिष्ठ सदस्यों के अनुभव और सुझावों के आधार पर आयोजन की जिम्मेदारियां भी तय की जाएंगी।
2003 बैच के सदस्यों पर रहेगी विशेष जिम्मेदारी,
आयोजन की तैयारियों में वर्ष 2003 बैच के सदस्यों से विशेष रूप से सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की गई है। बैठक के आमंत्रण में उल्लेख किया गया है कि वरिष्ठ सदस्यों के मार्गदर्शन में कार्यक्रम के संचालन और व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी निभाने के लिए इस बैच के सदस्य आगे आएं।
पत्रकार, जनप्रतिनिधि, वकील से लेकर आईएएस-आईपीएस तक मिलेंगे पुराने यार,
स्कूल के दिनों में एक ही कक्षा में बैठकर पढ़ने वाले विद्यार्थी आज जीवन के अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी जिम्मेदारियां निभा रहे हैं। कोई पत्रकारिता के माध्यम से समाज की आवाज उठा रहा है, तो कोई जनप्रतिनिधि के रूप में जनता की सेवा कर रहा है। कुछ विद्यार्थी अधिवक्ता के रूप में न्यायिक क्षेत्र से जुड़े हैं, वहीं कुछ ने प्रशासनिक सेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में अपनी पहचान बनाई है।
दिसंबर में प्रस्तावित इस मिलन समारोह के माध्यम से ऐसे सभी पूर्व सहपाठियों को एक मंच पर लाने का प्रयास किया जाएगा। पत्रकार, जनप्रतिनिधि, अधिवक्ता, व्यवसायी और अन्य पेशों से जुड़े मित्रों के साथ आईएएस-आईपीएस अधिकारियों सहित विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत पूर्व विद्यार्थियों की सहभागिता की संभावना है। अलग-अलग जिम्मेदारियों और पदों पर पहुंच चुके पुराने मित्र जब फिर से मिलेंगे, तो उनके बीच पद और प्रतिष्ठा से अधिक स्कूली दिनों की दोस्ती और साझा यादें चर्चा का विषय रहेंगी।
यह मुलाकात विद्यार्थियों को एक-दूसरे के जीवन के अनुभव जानने, संघर्षों से सीखने और पुरानी मित्रता को नई ऊर्जा देने का अवसर भी प्रदान करेगी।
गुरुजनों के सानिध्य में याद आएंगे पुराने दिन,
किसी भी विद्यार्थी के जीवन में विद्यालय और शिक्षक की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। शिक्षकों से मिली शिक्षा, अनुशासन और संस्कार जीवन की दिशा तय करने में मदद करते हैं। इसी भावना के साथ प्रस्तावित मिलन समारोह में विद्यालय में अध्यापन करा चुके शिक्षकों को भी आमंत्रित करने की योजना है।
पूर्व विद्यार्थी अपने गुरुजनों से मिलकर उनका आशीर्वाद प्राप्त करेंगे और पुराने दिनों की यादें साझा करेंगे। कक्षा में पढ़ाई के दौरान की घटनाएं, शिक्षकों के मार्गदर्शन, परीक्षा की तैयारी और विद्यालयीन गतिविधियों से जुड़े प्रसंग इस मिलन को भावनात्मक बना सकते हैं।
लंबे समय बाद अपने विद्यार्थियों को विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ते देखना शिक्षकों के लिए भी सुखद अनुभव होगा। आयोजन के माध्यम से गुरु-शिष्य के रिश्ते को सम्मान देने और विद्यालय के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर मिलेगा। शिक्षकों की उपस्थिति इस कार्यक्रम को केवल मित्र मिलन के बजाय एक भावनात्मक पुनर्मिलन का स्वरूप देगी।
स्मृति पुस्तिका में दर्ज होगा विद्यालय का गौरवशाली सफर,
मिलन समारोह के अवसर पर एक विशेष स्मृति पुस्तिका प्रकाशित करने की योजना बनाई गई है। इस पुस्तिका में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय छुरा में सेवा देने वाले शिक्षकों का जीवन परिचय, उनके योगदान से जुड़ी जानकारियां, यादगार तस्वीरें और समारोह में शामिल होने वाले पूर्व विद्यार्थियों का संक्षिप्त परिचय शामिल किया जाएगा।
इसके साथ ही अलग-अलग बैच के विद्यार्थियों की उपलब्धियों, उनके कार्यक्षेत्र और विद्यालय से जुड़ी स्मृतियों को भी स्थान देने का प्रयास किया जाएगा। इस पहल से विद्यालय के पुराने शैक्षणिक सफर और उससे जुड़े लोगों की यादों को एक जगह संजोने का अवसर मिलेगा।
स्मृति पुस्तिका केवल समारोह के दिन वितरित होने वाला प्रकाशन नहीं होगी, बल्कि आने वाले समय में पुराने विद्यार्थियों और नई पीढ़ी के लिए यादों का दस्तावेज बन सकती है। इसमें शामिल तस्वीरें और परिचय वर्षों बाद भी सहपाठियों को अपने विद्यालयीन जीवन की याद दिलाएंगे। पुस्तिका के प्रकाशन और आयोजन की व्यवस्थाओं के लिए सहयोग राशि जुटाने पर भी चर्चा की जाएगी। इसका विमोचन मिलन समारोह के दिन पूर्व विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति में करने की योजना है।
वर्षों से बिछड़े मित्रों को तलाशने की पहल,
समय के साथ स्कूल छोड़ने के बाद कई विद्यार्थी उच्च शिक्षा, नौकरी, व्यवसाय और पारिवारिक जिम्मेदारियों के कारण अलग-अलग शहरों में बस गए। कुछ मित्रों के मोबाइल नंबर बदल गए, तो कुछ के साथ संपर्क पूरी तरह टूट गया। ऐसे में इस आयोजन की एक महत्वपूर्ण कड़ी पुराने सहपाठियों को तलाशना और उन्हें फिर से जोड़ना होगी।
पूर्व विद्यार्थियों से अपील की जा रही है कि वे अपने-अपने बैच के मित्रों से संपर्क करें और उन्हें बैठक एवं प्रस्तावित समारोह की जानकारी दें। विशेष रूप से उन साथियों तक सूचना पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा, जिनसे लंबे समय से मुलाकात नहीं हुई है।
इस पहल से पुराने मित्रों को एक-दूसरे का हाल जानने, परिवार और कार्यक्षेत्र से जुड़ी बातें साझा करने तथा फिर से संपर्क बनाए रखने का अवसर मिलेगा। वर्षों की दूरी के बाद होने वाली मुलाकातें इस आयोजन की सबसे खास यादों में शामिल हो सकती हैं।
केवल मिलन समारोह नहीं, रिश्तों को फिर से जोड़ने का प्रयास,
पूर्व विद्यार्थी मिलन का उद्देश्य बीते दिनों को याद करने के साथ-साथ आपसी संबंधों को मजबूत बनाना भी है। विद्यालय में साथ पढ़ने वाले विद्यार्थी जीवन में आगे बढ़कर अलग-अलग क्षेत्रों में पहुंचे हैं। उनके अनुभव, उपलब्धियां और संघर्ष दूसरे विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा बन सकते हैं।
ऐसे आयोजन से पुराने सहपाठियों के बीच संवाद बढ़ेगा और विद्यालय के प्रति जुड़ाव मजबूत होगा। साथ ही शिक्षकों के योगदान को याद करने तथा विद्यालय से जुड़े सकारात्मक अनुभवों को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने का अवसर भी मिलेगा।
दिसंबर में प्रस्तावित यह कार्यक्रम छुरा के शैक्षणिक और सामाजिक जीवन से जुड़ी एक यादगार पहल बनने की उम्मीद जगाता है। अब सभी की नजरें 1 नवंबर को होने वाली बैठक पर हैं, जिसमें आयोजन की अंतिम रूपरेखा तय करने की दिशा में कदम बढ़ाए जाएंगे।


