बिलासपुर में ACB की बड़ी कार्रवाई: रिश्वत लेते पटवारी और बिजली विभाग का क्लर्क रंगे हाथों गिरफ्तार
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने गुरुवार को एक ही दिन में दो अलग-अलग जगहों पर बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने रतनपुर और मस्तूरी क्षेत्र में जाल बिछाकर एक पटवारी और बिजली विभाग के क्लर्क को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस दोहरी कार्रवाई से सरकारी महकमों में हड़कंप मच गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
मामला 1: जमीन बटांकन के लिए पटवारी ने मांगे थे ₹25,000
पहली कार्रवाई रतनपुर क्षेत्र में हुई, जहाँ ग्राम लालपुर के पटवारी भानू चंद्राकर को गिरफ्तार किया गया।
- शिकायतकर्ता: अशोक अग्रवाल (निवासी रतनपुर)
- मामला: अशोक अग्रवाल अपनी जमीन के नक्शा-बटांकन (जमीन के बंटवारे) के काम के लिए पटवारी से मिले थे। आरोप है कि इस काम के एवज में पटवारी भानू चंद्राकर ने शुरुआत में 40,000 रुपए की रिश्वत मांगी थी।
- ट्रैप की कार्रवाई: बातचीत के दौरान सौदा 25,000 रुपए में तय हुआ। शिकायतकर्ता ने इसकी जानकारी ACB को दे दी। शिकायत की पुष्टि होने के बाद ACB की टीम ने जाल बिछाया और पटवारी को 25 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया।

मामला 2: बिजली पोल लगाने के नाम पर क्लर्क ने ली ₹10,000 की घूस
दूसरी कार्रवाई मस्तूरी क्षेत्र में हुई, जहाँ बिजली वितरण कंपनी में पदस्थ क्लर्क सहदेव कुमार चंद्रा को पकड़ा गया।
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- शिकायतकर्ता: त्रिलोकी साहू
- मामला: शिकायत के अनुसार, त्रिलोकी साहू के खेत में शासन की योजना के तहत बिजली का पोल लगाया जाना था। इस सरकारी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने और पूरा करने के बदले क्लर्क सहदेव कुमार चंद्रा ने रिश्वत की डिमांड की थी।
- ट्रैप की कार्रवाई: मामले की शिकायत मिलने पर ACB ने इसकी गोपनीय जांच की। शिकायत सही पाए जाने पर टीम ने दबिश दी और क्लर्क को 10,000 रुपए की घूस लेते हुए मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
विभागों में हड़कंप, पूछताछ जारी
एक ही दिन में राजस्व और बिजली विभाग के दो कर्मचारियों पर हुई इस कार्रवाई के बाद से अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप का माहौल है। ACB के अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। फिलहाल दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।