बलौदाबाजार-: 3 अक्टूबर 2025 महात्मा गांधी जयंती के पावन अवसर को विकास पर्व के रूप में मनाते हुए, बलौदाबाजार जिले में राज्य शासन के निर्देशानुसार विशेष ग्रामसभाओं का व्यापक आयोजन किया गया। इन सभाओं में ‘आदि कर्मयोगी अभियान’ के अंतर्गत तैयार किए गए ‘विलेज़ प्लान 2030’ का ग्रामीणों की सर्वसम्मति से अनुमोदन किया गया, जिसने आगामी वर्षों के लिए गांवों के सुनियोजित विकास का मार्ग प्रशस्त कर दिया है।
कसडोल जनपद के 12 गांवों में अनुमोदन जनपद पंचायत कसडोल के एक दर्जन से अधिक गांवों में यह महत्वपूर्ण प्रक्रिया पूरी की गई। जिन प्रमुख गांवों ने इस विज़न डॉक्यूमेंट को अपनी सहमति दी, उनमें शामिल हैं, कोट, चरौदा (ब), गबौद, ढेबी, कोसमसरा, बड़गांव, अमरूवा, बार, बम्हनी, धमलपुरा, सोनाखान एवं परसदा। इन ग्रामसभाओं में ग्रामीणों ने न केवल योजना पर चर्चा की, बल्कि उसे अंतिम रूप देकर आधिकारिक रूप से अनुमोदित भी किया।
‘विलेज़ प्लान 2030’ की महत्ता यह विलेज़ प्लान केवल कागजी कार्रवाई नहीं है, बल्कि यह गांवों की आवश्यकताओं, प्राथमिकताओं और भविष्य के लक्ष्यों को समाहित करने वाला एक व्यापक खाका है। इस योजना के तहत अगले पांच वर्षों (2025 से 2030 तक) के लिए विभिन्न क्षेत्रों में होने वाले विकास कार्यों की रूपरेखा तैयार की गई है, जिनमें प्रमुख रूप से निम्नलिखित बिंदु शामिल हैं।
बुनियादी ढांचा: स्वच्छ पेयजल, सड़क कनेक्टिविटी, बिजली और सामुदायिक भवनों का सुदृढ़ीकरण।
शिक्षा और स्वास्थ्य: स्कूलों में सुविधाओं का उन्नयन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर ज़ोर और प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच सुनिश्चित करना।
कृषि और आजीविका: कृषि उत्पादकता बढ़ाने के लिए सिंचाई योजनाओं, बीज वितरण और स्थानीय रोज़गार सृजन पर ध्यान केंद्रित करना।
स्वच्छता और पर्यावरण: खुले में शौच मुक्त स्थिति को बनाए रखना, अपशिष्ट प्रबंधन और पौधारोपण जैसे पर्यावरण संरक्षण के कार्य।
जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि यह अनुमोदन प्रक्रिया ग्रामसभाओं को सशक्त बनाने और विकास कार्यों में जनभागीदारी को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के राज्य शासन के संकल्प को दर्शाती है। ग्रामसभा की बैठकें अन्य प्रमुख विषयों, जैसे- सामाजिक अंकेक्षण (Social Audit) और हितग्राही मूलक योजनाओं के सत्यापन का भी मंच बनीं, जिससे योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हो सके।
इस सफल आयोजन के साथ, बलौदाबाजार जिला अब ‘आदि कर्मयोगी अभियान’ के तहत अपने गांवों को आत्मनिर्भर और विकसित इकाई बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम आगे बढ़ा चुका है।
समाज के लिए प्रेरणादायक पहल
2 October Gandhi jayanti aur dashara ke din bahut hi Sundar drishya aur Samaj Ko sudharne ke liye ek Naya look ka Nirman karte hain bahut hi Safal prernadayak prayas hai dhanyvad