
भवानीपुर/जुनवानी — ग्राम जुनवानी में श्रद्धा और भक्ति के वातावरण के बीच श्रीमद् भागवत महापुराण सप्ताह ज्ञान यज्ञ का भव्य आयोजन किया गया। इस धार्मिक आयोजन का आयोजन पार्वती बाई निषाद द्वारा किया गया है। कार्यक्रम में कथा वाचक के रूप में ग्राम टेकरी, रायपुर निवासी पंडित संतोष तिवारी ने श्रीमद् भागवत कथा का भावपूर्ण रसपान कराया।
कथा के दौरान पंडित संतोष तिवारी ने सनातन धर्म के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में धर्म, संस्कार और नैतिक मूल्यों का पालन करना चाहिए। उन्होंने गौ माता की रक्षा को आवश्यक बताते हुए कहा कि बच्चों को बचपन से ही अच्छे संस्कार देना अत्यंत जरूरी है, जिससे वे शिक्षित, संस्कारी और समाज के लिए उपयोगी नागरिक बन सकें।
कथा प्रसंग में पंडित तिवारी ने भगवान विष्णु के पंचम अवतार वामन अवतार की विस्तार से कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि सतयुग में दैत्यराज बलि ने अपनी तपस्या और पराक्रम से देवताओं को पराजित कर स्वर्ग पर अधिकार कर लिया था। देवमाता अदिति की तपस्या से प्रसन्न होकर भगवान विष्णु ने वामन ब्राह्मण के रूप में अवतार लिया। नर्मदा नदी के तट पर यज्ञ कर रहे बलि से वामन ने तीन पग भूमि का दान मांगा। दैत्यगुरु शुक्राचार्य के सावधान करने के बावजूद दानवीर बलि अपने वचन पर अडिग रहे। वामन ने विराट रूप धारण कर पहले पग में पृथ्वी, दूसरे पग में स्वर्ग और अंतरिक्ष नाप लिया तथा तीसरे पग के लिए बलि ने अपना सिर समर्पित कर दिया। भगवान विष्णु ने बलि की भक्ति से प्रसन्न होकर उन्हें पाताल लोक का स्वामी बनाया।
कार्यक्रम में विश्राम निषाद, मनाराम निषाद, करन निषाद, नेम चंद्र पटेल, धनसाय निषाद, फागुराम निषाद, रूपसिंह निषाद, जीवन निषाद, ओमकार तिवारी, बलदाऊ पाण्डेय, जानकी निषाद, वर्षा निषाद, लक्ष्मी निषाद, कुलेश्वरी निषाद, सेवती निषाद, किरण पटेल, रानू तिवारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। आयोजन के दौरान पूरे गांव में भक्तिमय माहौल बना रहा।