गणेश समितियों को थाना प्रभारी परिवेश तिवारी के सख्त निर्देश, सड़क पर नहीं लगेंगे पंडाल; रात में समिति सदस्य करेंगे बप्पा की रखवाली
पलारी। विघ्नहर्ता भगवान श्रीगणेश के आगमन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। जगह-जगह गणेश पंडाल सजने की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसी बीच पलारी थाना प्रभारी परिवेश तिवारी व जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देश अनुसार गणेश समितियों को लेकर सुरक्षा और व्यवस्था के संबंध में स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। पुलिस का संदेश साफ है—उत्सव पूरी श्रद्धा और धूमधाम से मनाइए, लेकिन व्यवस्था और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
थाना प्रभारी ने समितियों से कहा है कि गणेश पंडाल सड़क पर इस तरह नहीं लगाए जाएं, जिससे यातायात प्रभावित हो। भक्तों के साथ-साथ आम लोगों के आवागमन का भी ध्यान रखा जाए। आखिर बप्पा का दरबार ऐसा हो, जहां श्रद्धालु आसानी से पहुंचें और किसी राहगीर को परेशानी भी न हो।
भक्ति में मर्यादा जरूरी, फूहड़ गीतों से दूरी
गणेश उत्सव को श्रद्धा और धार्मिक भावना का पर्व बताते हुए पंडाल समितियों को फूहड़ तथा धार्मिक दृष्टि से उत्तेजक गीत-संगीत नहीं बजाने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस की अपील है कि पंडालों में ऐसा माहौल बनाया जाए, जिससे भक्ति, संस्कार और सौहार्द की भावना मजबूत हो।
भीड़ बढ़े तो समिति के वालंटियर संभालेंगे मोर्चा
शाम होते ही गणेश पंडालों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने की संभावना को देखते हुए समितियों को अपने स्तर पर वालंटियर नियुक्त करने के निर्देश दिए गए हैं। ये वालंटियर भीड़ को व्यवस्थित करने के साथ यातायात सुचारु रखने में सहयोग करेंगे।
हवा-पानी में भी मजबूत रहे बप्पा का दरबार
पंडाल निर्माण को लेकर भी पुलिस ने विशेष सावधानी बरतने कहा है। पंडाल की संरचना मजबूत और सुरक्षित होनी चाहिए, ताकि तेज हवा, बारिश या अन्य मौसम की स्थिति में कोई खतरा पैदा न हो। आयोजन समितियों को सुरक्षा को प्राथमिकता देने की हिदायत दी गई है।
रात में एक सदस्य रहेगा पंडाल में, बप्पा की होगी रखवाली
भगवान गणेश की प्रतिमा की सुरक्षा को लेकर भी समिति की जिम्मेदारी तय की गई है। रात्रि के समय समिति का कोई न कोई सदस्य पंडाल में मौजूद रहेगा।यानी जब शहर सोएगा, तब भी बप्पा के दरबार की रखवाली के लिए समिति का सदस्य जागता रहेगा।
पुलिस की अपील—त्योहार आपका है, जिम्मेदारी भी आपकी
थाना प्रभारी परिवेश तिवारी ने सभी गणेश समितियों से शासन-प्रशासन के निर्देशों एवं यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि गणेश उत्सव आस्था, भक्ति और भाईचारे का पर्व है। समितियां पुलिस प्रशासन का सहयोग करें और ऐसा वातावरण बनाएं, जहां श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के बप्पा के दर्शन कर सकें।पुलिस के निर्देशों का सार भी साफ है—बप्पा की भक्ति में कोई कमी नहीं, लेकिन सुरक्षा और व्यवस्था में भी कोई ढिलाई नहीं।
