रायपुर। 1 अगस्त ओरल हाइजीन डे के अवसर पर दंत चिकित्सक डॉ. एम. एस. नवाज ने लोगों से दांतों और मुंह की नियमित देखभाल करने की अपील की। उन्होंने कहा कि दांत केवल भोजन चबाने के लिए ही नहीं, बल्कि सुंदर मुस्कान और संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण हैं। यदि मुंह की सफाई का ध्यान नहीं रखा जाए तो संक्रमण शरीर के अन्य अंगों तक पहुंचकर हृदय रोग, मधुमेह, निमोनिया, गर्भावस्था संबंधी जटिलताओं, स्ट्रोक और अन्य गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है।
डॉ. नवाज ने बताया कि अच्छी मौखिक स्वच्छता अपनाने से दांतों की सड़न, मसूड़ों की बीमारी, मुंह की दुर्गंध और अन्य दंत समस्याओं से बचाव संभव है। नियमित ब्रश, फ्लॉस और समय-समय पर दंत जांच कराने से महंगे उपचारों की आवश्यकता भी कम हो जाती है।
उन्होंने कहा कि दांत में दर्द होने पर लोग अक्सर मेडिकल स्टोर से बार-बार दर्द की दवा लेकर काम चला लेते हैं, जबकि यह स्थायी इलाज नहीं है। लगातार दर्द, गहरी कैविटी, सूजन, मवाद, दांत का रंग बदलना या ठंडा-गर्म लगना जैसी समस्याओं में तुरंत दंत चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए।
रूट कैनाल क्यों जरूरी होता है?
डॉ. मो. सबा नवाज के अनुसार जब दांत की सड़न नस (पल्प) तक पहुंच जाती है तो तेज दर्द, सूजन और संक्रमण होने लगता है। ऐसी स्थिति में रूट कैनाल उपचार के माध्यम से संक्रमित पल्प को निकालकर दांत के अंदर की सफाई की जाती है और उसे विशेष सामग्री से सील कर सुरक्षित किया जाता है। अधिकांश मामलों में इससे दांत निकालने की आवश्यकता नहीं पड़ती और प्राकृतिक दांत सुरक्षित रहता है।
रूट कैनाल की प्रमुख प्रक्रिया
– संक्रमित पल्प तक पहुंचने के लिए दांत में छोटा छेद किया जाता है।
– संक्रमित नस और बैक्टीरिया को पूरी तरह साफ किया जाता है।
– दांत के अंदर की कैनाल को कीटाणुरहित कर विशेष सामग्री से भरा जाता है।
– अंत में दांत को मजबूत बनाने के लिए स्थायी फिलिंग और आवश्यक होने पर डेंटल क्राउन (कैप) लगाया जाता है।
रूट कैनाल के फायदे
– असहनीय दांत दर्द से राहत।
– प्राकृतिक दांत सुरक्षित रहता है।
– संक्रमण फैलने से बचाव।
– सामान्य रूप से भोजन चबाने में सुविधा।
– मुस्कान और दांतों की सुंदरता बनी रहती है।
– इलाज के बाद रखें ये सावधानियां
डॉ. नवाज ने सलाह दी कि रूट कैनाल के बाद कुछ घंटों तक भोजन चबाने से बचें। नियमित रूप से दिन में दो बार ब्रश करें, फ्लॉस का उपयोग करें, कठोर एवं चिपचिपे खाद्य पदार्थों से परहेज करें और समय-समय पर दंत चिकित्सक से जांच कराते रहें।
उन्होंने बताया कि रूट कैनाल उपचार की अवधि और खर्च दांत की स्थिति, संक्रमण की गंभीरता तथा चिकित्सक द्वारा उपयोग की जाने वाली तकनीक और सामग्री पर निर्भर करता है। सामान्यतः यह उपचार 3 से 4 सिटिंग में पूरा हो जाता है।
डॉ. नवाज ने कहा कि “समय पर दंत जांच और सही उपचार से अधिकांश दांतों को बचाया जा सकता है। स्वस्थ दांत ही स्वस्थ जीवन की नींव हैं, इसलिए ओरल हाइजीन को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।”