कोरबा। 4 मई 2026 जिले में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम उस समय गरमा गया जब ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनी सड़क की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। ग्राम पंचायत पतरापाली से पहाड़ी कोरवा बसाहट तक लगभग एक किलोमीटर लंबी सड़क, जिसकी लागत 64.44 लाख रुपये बताई जा रही है, अब भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोपों में घिर गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण कार्य में निर्धारित मापदंडों की अनदेखी की गई, जिसके कारण सड़क शुरुआती समय में ही जर्जर हो गई। यह सड़क आदिवासी क्षेत्र के लिए जीवनरेखा मानी जा रही थी, लेकिन घटिया निर्माण ने लोगों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
शिकायत में ठेकेदार मेसर्स श्री साई एसोसिएट, रायगढ़ के साथ-साथ संबंधित विभाग के अधिकारियों, विशेष रूप से कार्यपालन अभियंता की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि निर्माण में मिलीभगत के चलते गुणवत्ता से समझौता किया गया।
जनदर्शन में पहुंचे ग्रामीणों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने की अपील की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो यह मामला भी अन्य मामलों की तरह दब सकता है।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस गंभीर शिकायत पर कितनी तेजी और पारदर्शिता के साथ कार्रवाई करता है और क्या दोषियों की जवाबदेही तय हो पाती है या नहीं।