कसडोल | बलौदाबाजार-भाटापारा।
सकल हिन्दू समाज द्वारा कसडोल नगर के हृदयस्थल बजरंग चौक में हिन्दू सम्मेलन का आयोजन हिन्दू सम्मेलन आयोजन समिति के तत्वावधान में गरिमामय वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि हरिहर क्षेत्र के महंत रामरूप महात्यागी महाराज, विशिष्ट अतिथि आद्यशक्ति महिला उत्थान समिति की अध्यक्ष श्रीमती ललिता साहू तथा खण्ड कार्यवाह श्री प्रह्लाद सूर्यवंशी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता प्रान्त सम्पर्क प्रमुख श्री संजय दुबे रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत मां भारती के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके पश्चात विद्यालयों से आए बच्चों ने छत्तीसगढ़ के पारंपरिक गीतों और देशभक्ति संगीत से सजी सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दीं, जिन्हें उपस्थित जनसमूह ने सराहा।
अपने उद्बोधन में महंत रामरूप महात्यागी महाराज ने कहा कि संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में देशभर के मंडल, ग्राम और नगर स्तर पर हिन्दू सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह समय हिन्दू समाज के एकजुट होने का है—अपनी सभ्यता, संस्कृति और इतिहास को समझकर संगठित प्रयास करने की आवश्यकता है। एकजुटता से न केवल धर्म की रक्षा होगी, बल्कि धर्मांतरण जैसी चुनौतियों का भी प्रभावी प्रतिकार किया जा सकेगा। उन्होंने बच्चों में भारतीय संस्कार रोपित करने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
मुख्य वक्ता श्री संजय दुबे ने समाज के पंच परिवर्तन पर प्रकाश डालते हुए जातिगत विभाजन से ऊपर उठकर एकता का आह्वान किया। उन्होंने विभिन्न उदाहरणों के माध्यम से समाज में व्याप्त विकारों की चर्चा की और सनातन सभ्यता, परिवार की एकजुटता तथा सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि “हिन्दू समाज एक परिवार है” और राष्ट्र व नागरिक कर्तव्यों के प्रति सजग होकर आगे आने का समय है। पौराणिक संदर्भों का उल्लेख करते हुए उन्होंने भारत भूमि की महत्ता रेखांकित की।
कार्यक्रम के अंत में भारत माता की आरती की गई तथा प्रसाद वितरण के साथ सम्मेलन का समापन हुआ। इस अवसर पर विभिन्न समाजों के समाज प्रमुख, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता एवं धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।