बिलासपुर । 17 जनवरी 2026 राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के तहत भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा छत्तीसगढ़ के विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा को लेकर व्यापक जन-जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में रायपुर–बिलासपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर विशेष सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान वाहन चालकों को निःशुल्क हेलमेट वितरित किए गए तथा यातायात नियमों के पालन के लिए प्रेरित किया गया। एनएचएआई के क्षेत्रीय अधिकारी श्री प्रदीप कुमार लाल ने इस अवसर पर कहा कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज के प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। हेलमेट पहनना, सीट बेल्ट का उपयोग करना और निर्धारित गति सीमा का पालन जैसे सरल उपाय अनमोल जीवन को सुरक्षित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
परियोजना कार्यान्वयन इकाई, बिलासपुर के परियोजना निदेशक श्री मुकेश कुमार ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा को सुरक्षित एवं सुगम बनाने के लिए आधुनिक तकनीकी उपायों के साथ-साथ निरंतर जन-जागरूकता अभियानों का संचालन किया जा रहा है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं की संख्या को न्यूनतम स्तर तक लाया जा सके।
सड़क दुर्घटना से निपटने मॉक-ड्रिल
अभियान के दौरान सड़क दुर्घटना की स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी राहत-बचाव कार्यों को लेकर लाइव एक्सीडेंट डेमोस्ट्रेशन (मॉक-ड्रिल) का आयोजन किया गया। इसमें एम्बुलेंस की समय पर पहुंच, क्रेन के माध्यम से मार्ग से अवरोध हटाने तथा घायलों को प्राथमिक उपचार देने की प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया। साथ ही सुरक्षित यात्रा के लिए हेलमेट और सीट बेल्ट के महत्व की जानकारी दी गई।
रक्तदान शिविर का आयोजन
सड़क सुरक्षा अभियान के साथ एनएचआईटी के सहयोग से रक्तदान शिविर का भी आयोजन किया गया, जिसमें 50 से अधिक लोगों ने स्वेच्छा से रक्तदान किया। इस शिविर में अधिकारियों, कर्मचारियों एवं सड़क उपयोगकर्ताओं की सक्रिय सहभागिता रही।
प्रदेशभर में सतत जागरूकता
एनएचएआई द्वारा प्रदेश के सभी टोल प्लाजा, राष्ट्रीय राजमार्गों एवं प्रमुख जंक्शनों पर लगातार सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। इसके तहत वाहन चालकों और यात्रियों से यातायात नियमों के पालन, हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने तथा निर्धारित गति सीमा का पालन करने की अपील की जा रही है।