
रिपोर्टर टेकराम कोसले
बलौदाबाजार, 8 मार्च 2026।
जिले में धान खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन सख्त नजर आ रहा है। सिमगा विकासखंड के उपार्जन केंद्र कामता तथा भाटापारा विकासखंड के उपार्जन केंद्र निपानिया में उपार्जित धान में कंकड़ और मिट्टी मिलाने से संबंधित वीडियो सामने आने के बाद प्रशासन ने तत्काल संज्ञान लेते हुए जांच प्रक्रिया शुरू कर दी है।
कलेक्टर कुलदीप शर्मा के निर्देश पर मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम गठित की गई है। यह टीम रविवार को दोनों उपार्जन केंद्रों—निपानिया और कामता—पहुंचकर धान खरीदी और भंडारण व्यवस्था की जांच कर रही है। प्रशासन का कहना है कि यदि जांच में किसी भी प्रकार की लापरवाही या मिलावट की पुष्टि होती है तो संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उपायुक्त सहकारिता उमेश गुप्ता ने बताया कि धान में मिलावट की शिकायत को गंभीरता से लिया गया है। जांच टीम द्वारा दोनों उपार्जन केंद्रों में धान की गुणवत्ता, तौल प्रक्रिया और भंडारण की स्थिति का निरीक्षण किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंप दी जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे उन्हें किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। धान खरीदी में नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी ताकि किसानों के हितों की रक्षा की जा सके और खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता बनी रहे।
प्रशासन ने दोनों उपार्जन केंद्रों के प्रभारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा है। अधिकारियों ने कहा कि भविष्य में इस तरह की शिकायतें सामने आने पर संबंधितों के खिलाफ और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने किसानों और आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कहीं धान खरीदी में अनियमितता या मिलावट की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।