पिथौरा। विकासखंड में किसानों को आधुनिक खेती से जोड़ने के उद्देश्य से मंगलवार को “विकसित कृषि संकल्प अभियान” की शुरुआत की गई। इस अवसर पर किसान रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। यह अभियान 05 मई से 20 मई तक कुल 12 दिनों तक चलेगा, जिसमें कृषि विभाग की टीम गांव-गांव पहुंचकर किसानों को नई तकनीकों की जानकारी देगी।
कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष ऊषा पुरुषोत्तम घृतलहरें, उपाध्यक्ष ब्रह्मानंद पटेल, जनपद सदस्य एवं भाजपा जिला उपाध्यक्ष हरप्रसाद पटेल, सांसद प्रतिनिधि मनमीत छाबड़ा, भाजपा जिला प्रवक्ता स्वप्निल तिवारी, एसडीएम बजरंग वर्मा सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान खरीफ सीजन 2026 से पहले किसानों को जागरूक करने की एक महत्वपूर्ण पहल है। किसान रथ गांव-गांव जाकर किसानों को सीधे मार्गदर्शन देगा, जहां कृषि विशेषज्ञ मौके पर प्रशिक्षण देंगे और उनकी समस्याओं का समाधान करेंगे।
अभियान के तहत किसानों को फसल चक्र परिवर्तन, प्राकृतिक एवं जैविक खेती, उन्नत बीजों का उपयोग, आधुनिक कृषि यंत्र, संतुलित उर्वरक प्रबंधन, जल संरक्षण और सूक्ष्म सिंचाई तकनीकों की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही पशुपालन, मत्स्य पालन और उद्यानिकी फसलों के उत्पादन एवं प्रबंधन पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। रथ में ऑडियो-वीडियो के माध्यम से सरल भाषा में प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है।
किसानों को विभिन्न शासकीय योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड और किसान क्रेडिट कार्ड की जानकारी भी दी जाएगी, ताकि वे इनका लाभ उठाकर अपनी आय बढ़ा सकें।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार किसान रथ अलग-अलग तिथियों में विभिन्न ग्रामों का दौरा करेगा और किसानों तक सीधे पहुंचेगा। जनप्रतिनिधियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे किसानों को उनके गांव में ही नई तकनीकों और योजनाओं की जानकारी मिलेगी, जिससे समय और संसाधनों की बचत होगी।
अधिकारियों ने विश्वास जताया कि यह अभियान किसानों को आत्मनिर्भर बनाने, उनकी आय बढ़ाने और क्षेत्र में कृषि विकास को नई गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।