बलौदाबाजार। 15 जनवरी 2026 बारनवापारा वन्यजीव अभयारण्य में अखिल भारतीय बाघ आकलन के प्रभावी क्रियान्वयन के उद्देश्य से वन विकास निगम के अधिकारियों एवं मैदानी कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य बाघ आकलन के दौरान आधुनिक तकनीक के माध्यम से सटीक, पारदर्शी एवं विश्वसनीय डेटा संग्रहण सुनिश्चित करना रहा।
कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को आधुनिक तकनीक आधारित सेलैस ऐप के माध्यम से डेटा संग्रहण, मॉनिटरिंग एवं रिपोर्टिंग की विस्तृत जानकारी दी गई। वन्यजीव विशेषज्ञों एवं प्रशिक्षकों द्वारा ऐप के तकनीकी पहलुओं को सैद्धांतिक रूप से समझाने के बाद अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मैदानी क्षेत्र में ले जाकर उसका व्यावहारिक प्रशिक्षण भी कराया गया।
वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रशिक्षण के दौरान कहा कि आगामी अखिल भारतीय बाघ आकलन में डेटा की शुद्धता अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कर्मचारियों को तकनीकी रूप से दक्ष बनने के लिए प्रेरित करते हुए बताया कि इससे न केवल आकलन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी होगी, बल्कि वन्यजीव संरक्षण के प्रयासों को भी मजबूती मिलेगी। फील्ड ट्रेनिंग के दौरान कर्मचारियों की शंकाओं का समाधान किया गया तथा गणना एवं सर्वेक्षण कार्य योजनाबद्ध ढंग से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
उल्लेखनीय है कि अखिल भारतीय बाघ आकलन का कार्य वर्तमान में पूरे प्रदेश में वृहद स्तर पर संचालित किया जा रहा है। इसी क्रम में वन्यजीव क्षेत्रों के साथ-साथ प्रदेश के विभिन्न वनमंडलों में भी इस महत्वपूर्ण अभियान को प्रभावी एवं सुव्यवस्थित रूप से संपादित किया जाना है।